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आयुष उत्पादों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रवेश — आयुर्वेदिक शिक्षा का भविष्य अब टेक्नोलॉजी के साथ

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आयुर्वेद शिक्षा में AI का प्रवेश — डिजिटल डायग्नोसिस, डेटा एनालिसिस और स्मार्ट उपचार प्रणाली के साथ भविष्य की ओर एक बड़ा कदम।
आयुष उत्पादों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रवेश — आयुर्वेदिक शिक्षा का भविष्य अब टेक्नोलॉजी के साथ

नई दिल्ली, जून 2025 — भारत में आयुर्वेदिक शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में अब Artificial Intelligence (AI) को औपचारिक रूप से शामिल किया जा रहा है। यह एक ऐतिहासिक पहल है जो आयुर्वेद की प्राचीन पद्धतियों और आधुनिक तकनीकी नवाचारों के संगम को दर्शाती है।

Ministry of AYUSH और विभिन्न आयुर्वेद विश्वविद्यालयों ने मिलकर घोषणा की है कि अब BAMS और PG स्तर पर AI-सक्षम विषयों की पढ़ाई को शामिल किया जाएगा, जिससे स्टूडेंट्स को डिजिटल टूल्स, डेटा विश्लेषण, और पर्सनलाइज्ड ट्रीटमेंट प्रोटोकॉल जैसी क्षमताएं मिलेंगी।

AI आधारित तकनीकें जैसे –

  • डायग्नोसिस में Machine Learning

  • रोगी इतिहास का डिजिटल एनालिसिस

  • AI चैटबेस्ड प्रैक्टिस सिमुलेशन
    इन सभी को पाठ्यक्रम और क्लीनिकल ट्रेनिंग में शामिल किया जा रहा है।

इस पहल का उद्देश्य आयुर्वेद को केवल परंपरा तक सीमित रखने के बजाय ग्लोबल डिजिटल हेल्थ फ्रेमवर्क में भी अग्रणी बनाना है। इससे न केवल छात्रों की रोजगार क्षमता बढ़ेगी बल्कि भारत वैश्विक मंच पर आयुष के डिजिटल लीडर के रूप में स्थापित हो सकेगा।